
नई दिल्ली। दिल्ली के सत्य निकेतन में रविवार को ढही इमारत ने कई परिवारों की खुशियां छीन लीं। इस हादसे में मध्य प्रदेश के देवास और कटनी के रहने वाले दो छात्रों की भी जान चली गई। मृतकों में देवास के अर्पित जाज (21) और कटनी के अक्षत यादव (19) शामिल हैं। दोनों दिल्ली विश्वविद्यालय में बी. कॉम की पढ़ाई कर रहे थे। देवास कलेक्टर ऋतुराज सिंह ने अर्पित के परिवार से बात कर घटना की जानकारी ली है। अर्पित के शव का दिल्ली में पोस्टमॉर्टम कराया जा रहा है।
जानकारी के मुताबिक, देवास के कैलादेवी क्षेत्र के पास जय बजरंग नगर निवासी अर्पित आत्माराम कॉलेज में बी. कॉम सेकंड ईयर का छात्र था। रक्षाबंधन पर वह परिवार के साथ समय बिताने देवास आया था। 5 सितंबर को ही परिजन ने उसे ट्रेन में बैठाकर दिल्ली रवाना किया था। किसी को क्या पता था कि यह उसकी आखिरी विदाई होगी।
अर्पित की मां पुष्पा ने बताया कि रविवार दोपहर करीब 12 बजे बेटे से वीडियो कॉल पर बात हुई थी। दो घंटे बाद उन्होंने दोबारा फोन किया, लेकिन अर्पित ने फोन नहीं उठाया। उन्हें लगा कि रातभर सफर करने के कारण बेटा थककर सो गया होगा। शाम होते-होते परिवार को हादसे की जानकारी मिली और चिंता बढ़ गई।
अर्पित के पिता भूपेंद्र जाज देवास में ट्रैवल एजेंसी चलाते हैं। सूचना मिलते ही परिवार रविवार देर रात दिल्ली पहुंचा और अस्पतालों से लेकर घटनास्थल तक बेटे की तलाश करता रहा। सोमवार को अर्पित की मौत की पुष्टि हुई। उसकी बड़ी बहन प्रियांशी इंदौर में सीए की पढ़ाई कर रही है।
हादसा 6 सितंबर की दोपहर करीब 1:30 बजे दिल्ली विश्वविद्यालय के साउथ कैंपस के पास सत्य निकेतन में हुआ। करीब 40 साल पुरानी इमारत अचानक ढह गई। बताया गया है कि दिल्ली नगर निगम के रिकॉर्ड में यह इमारत खतरनाक घोषित नहीं थी।
26 अक्टूबर 2026